BHU के गांधी चबूतरे पर याद किये गए राष्‍ट्रपिता महात्‍मा गांधी, हुई प्रार्थना सभा


वाराणसी

राष्ट्रपिता महात्मा गांधी काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के उद्घाटन पर साल 1916 को महामना मदन मोहन मालवीय के आमंत्रण पर बीएचयू पधारे थे।

इसके बाद साल 1942 में अपनी ग्यारहवीं और अंतिम बनारस यात्रा में वे बीएचयू के रजत जयंती समारोह में शामि‍ल हुए थे।

21 जनवरी 1942 को बापू ने विश्वविद्यालय के रजत जयंती समारोह में भाग लिया और संध्या कालीन प्रार्थना के लिए जो स्थान चुना था उसे आज सभी गांधी चबूतरे के नाम से जानते हैं।

इसी गांधी चबूतरे पर शनि‍वार 30 जनवरी को महात्मा गांधी की 73वीं पुण्यतिथि पर काशी हिन्दू विश्ववविद्यालय के राष्ट्रीय सेवा योजना विभाग के तत्वाधान में प्रार्थना सभा का आयोजन किया गया।

महात्मा गांधी ने इसी स्थान पर साल 1942 में 21 जनवरी को यहाँ संध्याकालीन प्रर्थना की थी और यहाँ बैठे लोगों को सम्बोधित भी किया था और सभी को सत्य और अहिंसा का पाठ पढ़ाया था।